होमआसपास-प्रदेशचक्रवात अर्नब का असर: रायगढ़ में भारी बारिश की आशंका, प्रशासन ने...

चक्रवात अर्नब का असर: रायगढ़ में भारी बारिश की आशंका, प्रशासन ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर

रायगढ़ (पब्लिक फोरम)। चक्रवात अर्नब के प्रभाव से रायगढ़ जिले में भारी बारिश की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने, निचले इलाकों में निगरानी रखने और जरूरत पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए हैं। आपात स्थिति में सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 07762-223750 जारी किया गया है।

- Advertisement -

प्रशासन ने जिला और तहसील स्तर के नियंत्रण कक्षों (कंट्रोल रूम) को 24 घंटे सक्रिय रखने के निर्देश दिए हैं। सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने और नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा गया है।

निचले इलाकों में निगरानी, राहत-बचाव की तैयारियां तेज
जिला प्रशासन ने संभावित भारी बारिश के मद्देनजर निचले इलाकों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही संबंधित विभागों को आवश्यक तैयारियां पूरी रखने और परिस्थितियों के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य तत्काल शुरू करने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।

प्रशासन का जोर आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई और विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर है। जिला एवं तहसील स्तर के कंट्रोल रूम को चौबीसों घंटे सक्रिय रखने का निर्देश भी इसी तैयारी का हिस्सा है, ताकि जरूरत पड़ने पर नागरिक सहायता मांग सकें और संबंधित अधिकारियों तक सूचना पहुंचाई जा सके।

नदी-नालों और रपटों के पास जाने से बचने की अपील
संभावित बारिश को देखते हुए प्रशासन ने आम नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील की है। लोगों को नदी-नालों और रपटों के पास जाने से बचने तथा जलभराव वाले क्षेत्रों में सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
इसके अलावा, आकाशीय बिजली से बचाव के उपाय अपनाने की अपील भी की गई है। बारिश के दौरान स्थानीय परिस्थितियों पर ध्यान देना और जोखिम वाले स्थानों से दूर रहना जनसुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।

आपात स्थिति में इस हेल्पलाइन नंबर पर करें संपर्क
जिला प्रशासन ने आम नागरिकों की सहायता और आपात स्थिति में सूचना देने के लिए 07762-223750 हेल्पलाइन नंबर जारी किया है। किसी आपात परिस्थिति में नागरिक इस नंबर पर संपर्क कर सकते हैं।
प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने और जरूरत के अनुसार तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। हालांकि, उपलब्ध सूचना में संभावित बारिश की मात्रा, उसके समय और जिले के विशेष रूप से प्रभावित होने वाले क्षेत्रों का विस्तृत विवरण नहीं दिया गया है।

भारी बारिश की आशंका के दौरान नदी-नालों में पानी का स्तर बढ़ने, रपटों पर आवागमन जोखिमपूर्ण होने और निचले इलाकों में जलभराव जैसी परिस्थितियां उत्पन्न हो सकती हैं। ऐसे में समय पर सूचना, सक्रिय नियंत्रण कक्ष और राहत-बचाव की तैयारी नागरिकों की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण होती है। प्रशासन की अपील का पालन करना और जोखिम वाले स्थानों से दूर रहना संभावित दुर्घटनाओं से बचाव में सहायक हो सकता है।

RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments